सरस्वती शिशु/विद्या मंदिर बनखेडी की वेबसाइट में स्वागत है ।

हम आशा करते है कि आप अपनी इच्छित सारी सूचनाएं इससे पा सकेंगे और यह कि यह वेबसाइट हमारे विद्यालय के बारे में एक अंतर्ज्ञान प्रदान करेगा । हम सरस्वती शिशु मंदिर के रूप में श्रेष्ठता की प्रतिबद्धता सहित स्तरीय शिक्षा के क्षेत्र में विस्तृत हित रखते हैं ।

सरस्वती शिशु मंदिर विद्यालय वस्तुतः एक खोज का स्थान है । हमारा लक्ष्य सारे बालकों के प्रतिभाओं के विकास उनकी क्षमता तक पहुँचने और हमारे साथ उनके बिताए समय को खुशहाल बनाना है । हम उच्चतम गुणवत्ता वाले अधिगम को विद्यालय में प्रदान करने हेतु लगातार परिश्रम करते हैं । एक शिक्षण विद्यालय के रूप में हम समानता शिक्षणात्मक विद्यालय संगठन के माध्यम से प्रशिक्षण और सहारा प्रदान करने में सौभाग्यशाली हैं ।

साल दर साल विद्यालय ने साक्षरता और बुनियादी अंक ज्ञान के क्षेत्र में उपलब्धियों के उच्च स्तर को अर्जित किया है । पठन, लेखन और गणित के क्षेत्र में राष्ट्रीय अपेक्षाओं पर खरा उतरकर बालक विद्यालय छोड़ते हैं । हमारे क्रियाकलाप अनुभवों और अवसरों के एक विस्तृत क्षेत्र को प्रदान करते हुए उत्कृष्ट हैं । बालक विषयक प्रकरणों के माध्यम से उनकी साक्षरता, बुनियादी अंकज्ञान और आई0सी0टी0 कौशलों का अनुप्रयोग सीखते हैं ।

हमारे पास भवन स्थल पर शिक्षित विशेषज्ञ हैं जो पूरे विद्यालय में उच्च श्रेणी की शारीरिक शिक्षा (पी0ई0) का अध्यापन करते हैं । हमारी विद्यालय पश्चात गतिविधियाँ भी शारीरिक और रचनात्मक अनुभवों के एक विस्तृत क्षेत्र को प्रदान करती हैं ।

20161205_092652_resized_1
20161205_092445 (1)

विद्या भारती

विद्या भारती संगठन
बालक ही हमारी आशाओं का केंद्र है. वही हमारे देश, धर्म एवं संस्कृति का रक्षक है. उसके व्यक्तित्व के विकास मं  हमारी संस्कृति एवं सभ्यता का विकास निहित है. आज का बालक ही कल का कर्णधार है. बालक का नाता भूमि एवं पूर्वजों से जोड़ना, यह शिक्षा का सीधा, सरल तथा सुस्पस्ट लक्ष्य है. शिक्षा और संस्कार द्वारा हमें बालक का सर्वांगीण विकास करना है.

Learn More

राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली

राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली

हमारा लक्ष्य राष्ट्रीय शिक्षाप्रणाली का विकास करना है ।
राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली का आषय ठीक प्रकार समझने के लिए राष्ट्र की संकल्पना को समझना होगा ।
राष्ट्र – एक प्रकृति सिद्ध भूखण्ड जिसमें निवास करने वाला, उसका पुत्र रुपी समाज, धर्म का आचरण करने वाले सभी ऋषि, मुनि, संत, महंत , मनीषी, महापुरुष एवं उनका अनुशरण करने वाा साधारण समाज इन सभी की युगों -युगों तक विकास की जो प्रक्रिया चली उससे जो जीवन शैैली बनी उसे संस्कृति कहा गया ।

Learn More

पंचपदी शिक्षण पद्दति

विद्या भारती पंचपदी की शिक्षण पद्दति

स्वामी विवेकानंद के अनुसार ” मनुष्य के भीतर समस्त ज्ञान अवस्थित है , जरूरत है उसे जागृत करने के लिए उपयुक्त वातावरण निर्मित करने की ” शिक्षा की इस उद्देश्य की प्राप्ति हेतु विद्यालय में शिक्षण भारतीय मनोविज्ञान के सिध्दान्तो पर आधारित पंचपदी शिक्षा पद्दति के द्वारा किया है।.

Learn More

सरस्वती विद्या मंदिर गाड़रवारा रोड़

श्री चैन सिंह बन्नासिया
(कक्षा प्रथम से द्वादश तक)

प्राचार्य – सरस्वती विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक
विद्यालय, सरस्वती नगर बायपास गाड़रवारा रोड़, बनखेड़ी
जिला – होशंगाबाद (461990)

 

देखें..

सरस्वती विद्या मंदिर केशव नगर

श्री दुर्गा प्रसाद रघुवंशी

(कक्षा आठवी से दशम तक)

प्राचार्य – सरस्वती विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक
विद्यालय, केशव नगर बायपास गाड़रवारा रोड़, बनखेड़ी
जिला – होशंगाबाद

 

देखें …

सरस्वती शिशु मंदिर नगर परिषद के पास

श्रीमती आराधना भार्गव 

( कक्षा अरूण से उदय )
प्रधानाचार्य – सरस्वती शिशु मंदिर (शिशु वाटिका)
नगर परिषद के पास, बनखेड़ी जिला – होशंगाबाद

देखें …

संपर्क कीजिये …

स.वि.मं.बनखेडी प्राचार्य श्री चैनसिंह बन्नासिया मोबाइल न. 9893291290,
शिशु वाटिका, बनखेडी प्रधानाचार्य श्रीमती आराधना भार्गव -9826976381,
केशव नगर विद्यालय पाली प्रमुख –

विद्या रूपं कुरूपाणाम्
विद्या रूपं कुरूपाणाम् ।
कुरूप मानव के लिए विद्या हि रूप है ।


संपर्क